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संवाद सूत्र, झुमरीतिलैया (कोडरमा): झारखंड मुक्ति मोर्चा जिला कमेटी के तत्वावधान में मंगलवार को कोडरमा जिला मुख्यालय के समक्ष कृषि विधेयक 2020 के विरोध में एक दिवसीय धरना दिया गया। धरना की अध्यक्षता जिलाध्यक्ष श्याम किशोर सिंह ने की, जबकि संचालन जिला सचिव कामेश्वर महतो ने किया। बैठक को संबोधित करते हुए श्याम किशोर सिंह ने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा संसद में पारित कराया गया कृषि कानून काला कानून है। इससे जमींदारी प्रथा की नए रूप में वापसी होगी। बड़े व्यापारियों को लाभ पहुंचाने के लिए सरकार यह विधेयक लाई है। कृषि संबंधित नए काले कानून से किसान बुरी तरह से बर्बाद हो जाएंगे। करोड़ों लोगों के समक्ष बेरोजगारी की संकट उत्पन्न हो जाएगी। वहीं केंद्रीय समिति सदस्य गंगा प्रसाद यादव ने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री ने जिस तरह से हरित क्रांति की शुरुआत की थी, उसे बर्बाद करने की कोशिश की जा रही है। झारखंड मुक्ति मोर्चा के एक-एक कार्यकर्ता कृषि बिल के खिलाफ गोलबंद हो चुके हैं, किसान एवं आम जनता के सहयोग से इस कानून को वापस लेने के लिए केन्द्र सरकार को मजबूर कर दिया जाएगा। जिला सचिव कामेश्वर महतो ने कहा कि कृषि विधेयक पूर्व में किसानों एवं आमजनों के हित को देखते हुए लागू किया गया था। वर्तमान कृषि बिल लागू होने से इसका सीधा लाभ बड़े बड़े औद्योगिक घरानों को मिलेगा। धरना में बुद्धिजीवी मोर्चा के महासचिव गोपाल यादव, केन्द्रीय समिति सदस्य उमेश राम,मो. इस्लाम अंसारी, सत्यदेव राय,संदीप पाण्डेय, बैजनाथ मेहता, रेखा देवी, गोबिद बिहारी, अशोक सिंह, दीपक विश्वकर्मा, मनोज राउत, चन्द्रदेव यादव,निर्मला तिवारी,मेनकी देवी, श्रीकांत यादव,पवन माइकल कुजुर,बुंदक यादव,मी. खान सहित सैकड़ों कार्यकर्ता मौजूद थे।