food officer recruitment 2019

मार्ग की ऐसी दशा के चलते सबसे ज्यादा स्कूली बच्चों और सरकारी कर्मचारियों को परेशान होना पड़ रहा है। लोगों का कहना है कि 26 जनवरी के दिन ऐतिहासिक बाबा योग ध्यान के तालाब की दीवार टूटी थी। उसके बाद 7 व 8 अगस्त के दिन मंदिर की एक दीवार और उसके साथ स्कूल परिसर की दीवार गिरने से सारी सड़क तालाब में समा गई थी। लोगों का तालाब की दूसरी तरफ जाना बंद हो गया था। परंतु अब बचे हुए रास्ते के बीच पस्सी गिर जाने से सड़क बिल्कुल बंद है। लोगों को और ज्यादा परेशान होना पड़ रहा है। सड़क बंद होने से सबसे ज्यादा बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है। जिससे उनके अभिभावकों की चिंता बढ़ गई है। इस समस्या की जानकारी सरकार और प्रशासन दोनों को है। ऐसे बदतर हालात के बावजूद भी कोई भी कुछ भी करने को तैयार नहीं है। लोगों का कहना है कि सरकार स्मार्ट सिटी, स्मार्ट टाऊन और मॉडल विलेज बनाने की योजनाएं बना रही है, परन्तु दशकों से लगातार उजड़ रहे इस ऐतिहासिक कस्बे की किसी को प्रवाह नहीं है। जिसके चलते अब लोगों ने सड़क पर उतरने का मन बना लिया है।